क्या बढ़ेंगे पेट्रोल-डीजल के दाम, पेट्रोलियम मंत्रालय ने दिया ये बड़ा अपडेट
पिछले कुछ दिनों से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों के बीच देश में पेट्रोल और डीजल महंगे होने की अटकलें तेज हो गई थी। सोशल मीडिया और कई अन्य प्लेटफॉर्म्स पर दावा किया जा रहा था कि सरकार जल्द ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी कर सकती है। हालांकि अब सरकार ने इन तमाम अटकलों पर साफ जवाब दे दिया है।
पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी का फिलहाल कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है।
जानें सरकार ने क्या कहा
मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक, ईंधन की कीमतों को लेकर चल रही खबरें पूरी तरह भ्रामक हैं। सरकार ऐसी किसी योजना पर काम नहीं कर रही जिससे आम जनता पर अतिरिक्त बोझ पड़े।
यह बयान ऐसे समय आया है जब पश्चिम एशिया में जारी तनाव और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों को लेकर बाजार में चिंता बढ़ रही थी। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि तेल कंपनियां कीमतें बढ़ाने का दबाव बना रही हैं।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में दबाव, लेकिन सरकार सतर्क
वैश्विक बाजार में ब्रेंट क्रूड की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गई हैं। इसके बावजूद सरकार घरेलू बाजार में कीमतों को स्थिर रखने की कोशिश में जुटी हुई है।
मंत्रालय के अनुसार, तेल विपणन कंपनियों को फिलहाल अंतरराष्ट्रीय कीमतों में उतार-चढ़ाव का असर खुद वहन करने के संकेत दिए गए हैं। सरकार का मुख्य उद्देश्य महंगाई को नियंत्रण में रखना है।
इसके अलावा भारत के पास पर्याप्त रणनीतिक कच्चा तेल भंडार मौजूद है, जिससे तत्काल सप्लाई संकट की आशंका नहीं है।
आम लोगों को बड़ी राहत
पेट्रोल और डीजल की कीमतें स्थिर रहने से आम आदमी को बड़ी राहत मिलेगी। ईंधन महंगा होने का सीधा असर माल ढुलाई, बस किराए और रोजमर्रा की जरूरत की चीजों पर पड़ता है।
अगर कीमतें बढ़तीं, तो सब्जी, फल, राशन और अन्य जरूरी वस्तुओं के दाम भी तेजी से बढ़ सकते थे। ऐसे में सरकार का यह फैसला महंगाई पर नियंत्रण बनाए रखने की दिशा में अहम माना जा रहा है।
