राबड़ी देवी को सरकारी आवास खाली करने का नोटिस, बिहार राजनीति में तेज़ी से गरमाई सियासत
Patna : पूर्व मुख्यमंत्री और आरजेडी सुप्रीमो लालू यादव की पत्नी राबड़ी देवी को उनके 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी आवास को खाली करने का नोटिस मिला है। यह निर्णय भवन निर्माण विभाग की ओर से लिया गया है, जिसके बाद बिहार में राजनीति गरमा गई है। विपक्ष इस मामले में सरकार को घेर रहा है, जबकि एनडीए में शामिल हम पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और बिहार सरकार के मंत्री संतोष सुमन ने स्पष्ट किया है कि विभाग ने गलत नहीं किया है और यह न्यायालय का निर्णय है।
संतोष सुमन ने कहा कि चार साल पहले इलाहाबाद हाईकोर्ट ने निर्णय दिया था कि किसी भी पूर्व मुख्यमंत्री को सरकारी आवास आवंटित नहीं किया जाएगा। राबड़ी देवी सदन की नेता होने के कारण अब तक 10 सर्कुलर रोड में रह रही थीं। अब सरकार ने उन्हें नया आवास दिया है, उन्हें बेघर नहीं किया जा रहा है। यह काफी बड़ा आवास है और इसमें राजनीति नहीं होनी चाहिए।
उन्होंने आगे कहा कि राजनीति में तेज प्रताप यादव जो भी बयान दें, लेकिन कानून उन्हें भी पता है। चुनाव हारने के बाद उन्होंने खुद अपना आवास खाली किया। यह सरकारी आवास है और सरकार जब चाहे इसे बदल सकती है।
बता दें कि जब जीतन राम मांझी बिहार के मुख्यमंत्री बने थे, तब पूर्व मुख्यमंत्रियों के लिए विशेष सुविधाओं की व्यवस्था की गई थी, जिसमें बड़े आवास और Y+ श्रेणी की सुरक्षा शामिल थी। इस नीति के तहत तत्कालीन पूर्व मुख्यमंत्री जगन्नाथ मिश्रा को भी सुविधा दी गई थी। बाद में इस नियम में बदलाव हुआ और अब राबड़ी देवी को नया आवास आवंटित किया गया है।
