मिर्जापुर : कार्तिक स्नान को जा रहे श्रद्धालु आए कालका एक्सप्रेस की चपेट में, चुनार स्टेशन पर मचा हड़कंप
Nov 5, 2025, 10:41 IST
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मिर्जापुर। उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर में बुधवार सुबह एक दर्दनाक रेल हादसा हो गया। चुनार रेलवे स्टेशन पर कालका एक्सप्रेस की चपेट में आने से 7 से 8 श्रद्धालुओं के मरने की खबर सामने आ रही है, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद स्टेशन परिसर में अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारी और स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और राहत-बचाव कार्य शुरू किया।
कार्तिक पूर्णिमा स्नान के लिए जा रहे थे श्रद्धालु
मिली जानकारी के अनुसार, हादसे में मारे गए ज्यादातर श्रद्धालु वाराणसी में कार्तिक पूर्णिमा स्नान के लिए जा रहे थे। बुधवार सुबह करीब 9:30 बजे यह दर्दनाक घटना चुनार रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-3 पर हुई।
बताया जा रहा है कि चोपन से आने वाली एक पैसेंजर ट्रेन प्लेटफॉर्म नंबर-4 पर आकर रुकी थी। उसी ट्रेन से उतरे श्रद्धालु प्लेटफॉर्म बदलने के लिए ट्रैक पार कर रहे थे। इसी दौरान प्लेटफॉर्म नंबर-3 की ओर से कालका एक्सप्रेस तेज रफ्तार से गुजरी, जिसका इस स्टेशन पर कोई ठहराव नहीं था।
तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आए श्रद्धालु
ट्रेन इतनी तेज गति में थी कि श्रद्धालु कुछ समझ पाते, उससे पहले ही उसकी चपेट में आ गए। हादसा इतना भयावह था कि कई शवों के टुकड़े ट्रैक पर बिखर गए। मौके पर मौजूद लोगों ने किसी तरह घायलों को स्टेशन से बाहर निकालकर नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया।
रेलवे ने नहीं दी आधिकारिक जानकारी
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारी, GRP और RPF की टीमें मौके पर पहुंचीं। स्टेशन पर कुछ समय के लिए ट्रेनों की आवाजाही भी बाधित रही।
हालांकि, हादसे में हुई मौतों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक रेलवे की ओर से नहीं की गई है। जांच टीम घटनास्थल पर मौजूद है और हादसे के कारणों की पड़ताल की जा रही है।
कार्तिक पूर्णिमा स्नान के लिए जा रहे थे श्रद्धालु
मिली जानकारी के अनुसार, हादसे में मारे गए ज्यादातर श्रद्धालु वाराणसी में कार्तिक पूर्णिमा स्नान के लिए जा रहे थे। बुधवार सुबह करीब 9:30 बजे यह दर्दनाक घटना चुनार रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-3 पर हुई।
बताया जा रहा है कि चोपन से आने वाली एक पैसेंजर ट्रेन प्लेटफॉर्म नंबर-4 पर आकर रुकी थी। उसी ट्रेन से उतरे श्रद्धालु प्लेटफॉर्म बदलने के लिए ट्रैक पार कर रहे थे। इसी दौरान प्लेटफॉर्म नंबर-3 की ओर से कालका एक्सप्रेस तेज रफ्तार से गुजरी, जिसका इस स्टेशन पर कोई ठहराव नहीं था।
तेज रफ्तार ट्रेन की चपेट में आए श्रद्धालु
ट्रेन इतनी तेज गति में थी कि श्रद्धालु कुछ समझ पाते, उससे पहले ही उसकी चपेट में आ गए। हादसा इतना भयावह था कि कई शवों के टुकड़े ट्रैक पर बिखर गए। मौके पर मौजूद लोगों ने किसी तरह घायलों को स्टेशन से बाहर निकालकर नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया।
रेलवे ने नहीं दी आधिकारिक जानकारी
घटना की सूचना मिलते ही रेलवे अधिकारी, GRP और RPF की टीमें मौके पर पहुंचीं। स्टेशन पर कुछ समय के लिए ट्रेनों की आवाजाही भी बाधित रही।
हालांकि, हादसे में हुई मौतों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक रेलवे की ओर से नहीं की गई है। जांच टीम घटनास्थल पर मौजूद है और हादसे के कारणों की पड़ताल की जा रही है।
