काशी विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट के CEO विश्वभूषण मिश्रा बने IAS, वाराणसी के पूर्व VDA सचिव डॉ सुनील वर्मा को भी मिला प्रमोशन
वाराणसी: उत्तर प्रदेश प्रशासनिक सेवा (PCS) के अधिकारियों के लिए बड़ी खुशखबरी सामने आई है। राज्य सरकार द्वारा जारी सूची में कई पीसीएस अधिकारियों को भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) कैडर में पदोन्नत किया गया है। इस सूची में वाराणसी से जुड़े दो प्रमुख अधिकारियों का नाम भी शामिल है।
काशी विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) विश्वभूषण मिश्रा को भारतीय प्रशासनिक सेवा में पदोन्नति मिली है। वहीं वाराणसी विकास प्राधिकरण (VDA) के पूर्व सचिव और काशी विश्वनाथ मंदिर के पूर्व मुख्य कार्यपालक अधिकारी डॉ. सुनील कुमार वर्मा भी अब आईएएस अधिकारी बन गए हैं।
काशी विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट के CEO विश्वभूषण मिश्रा को मिला IAS कैडर
वर्तमान में श्री काशी विश्वनाथ मंदिर ट्रस्ट के मुख्य कार्यपालक अधिकारी के रूप में कार्यरत विश्वभूषण मिश्रा का नाम आईएएस पदोन्नति सूची में शामिल किया गया है। प्रशासनिक कार्यों में उनकी दक्षता और विभिन्न जिम्मेदारियों के सफल निर्वहन को देखते हुए उन्हें यह महत्वपूर्ण पदोन्नति मिली है। विश्वभूषण मिश्रा लंबे समय से प्रशासनिक सेवाओं में सक्रिय रहे हैं और वर्तमान में काशी विश्वनाथ धाम से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट्स की निगरानी कर रहे हैं।
डॉ. सुनील वर्मा भी बने IAS
सूची में शामिल एक और बड़ा नाम डॉ. सुनील कुमार वर्मा का है। वह वर्तमान में लखनऊ में अतिरिक्त आयुक्त (GST) के पद पर तैनात हैं। इससे पहले वह वाराणसी विकास प्राधिकरण (VDA) के सचिव और श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी के रूप में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। वाराणसी में उनके कार्यकाल के दौरान कई महत्वपूर्ण विकास योजनाओं और प्रशासनिक सुधारों को गति मिली थी।
इन अधिकारियों को भी मिला प्रमोशन
आईएएस कैडर में पदोन्नति पाने वाले अधिकारियों में कई वरिष्ठ पीसीएस अधिकारियों के नाम शामिल हैं। इनमें प्रमुख रूप से-
- अतुल कुमार (एडिशनल म्यूनिसिपल कमिश्नर, मुरादाबाद)
- अमित सिंह (डिप्टी चीफ इलेक्शन ऑफिसर, लखनऊ)
- प्रियंका सिंह (कमांडेंट, डिफेंस ट्रेनिंग संस्थान)
- अमित कुमार (एडीएम, कानपुर देहात)
- गरिमा स्वरूप (ओएसडी, चुनाव आयोग)
- संदीप कुमार (एडीएम, हापुड़)
- राकेश कुमार सिंह (एडीएम, लखनऊ)
- डॉ. वैभव शर्मा (एडीएम, गोरखपुर) का नाम प्रमुख रूप से शामिल है।
कार्यकुशलता और अनुभव के आधार पर हुआ चयन
सूत्रों के अनुसार, आईएएस कैडर में पदोन्नति के लिए अधिकारियों के प्रशासनिक अनुभव, कार्य निष्पादन, सेवा रिकॉर्ड और नेतृत्व क्षमता का मूल्यांकन किया गया। चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद केंद्र और राज्य स्तर की स्वीकृतियों के उपरांत यह सूची जारी की गई।
प्रशासनिक व्यवस्था को मिलेगी नई मजबूती
विशेषज्ञों का मानना है कि अनुभवी पीसीएस अधिकारियों के आईएएस कैडर में शामिल होने से प्रदेश की प्रशासनिक व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी। साथ ही विभिन्न विभागों में उनके अनुभव का लाभ शासन और आम जनता दोनों को मिलेगा।
