Movie prime

UP में स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को राहत, 15 मई से लगेंगे शिकायत निस्तारण कैंप
 

 
 UP में स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं को राहत, 15 मई से लगेंगे शिकायत निस्तारण कैंप
WhatsApp Channel Join Now
Instagram Profile Join Now

लखनऊ। प्रदेश में स्मार्ट प्रीपेड मीटर से उपभोक्ताओं को हो रही दिक्कतों के बीच ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने बताया कि स्मार्ट मीटर और बिजली बिलों से जुड़ी शिकायतों के समाधान के लिए 15 मई से 30 जून तक अधिशासी अभियंता और उपखंड अधिकारी कार्यालयों पर विशेष कैंप एवं सहायता केंद्र लगाए जाएंगे। साथ ही 1912 हेल्पलाइन पर भी विशेष व्यवस्था की जाएगी, ताकि उपभोक्ताओं की समस्याओं का त्वरित समाधान हो सके।

ऊर्जा मंत्री ने बताया कि प्रदेश में अब नए बिजली कनेक्शन केवल स्मार्ट मीटर के पोस्टपेड मोड में ही दिए जाएंगे। इसके साथ ही पहले से लगे 83 लाख से अधिक स्मार्ट प्रीपेड मीटर को भी दोबारा पोस्टपेड मोड में परिवर्तित किया जाएगा। इस संबंध में पावर कारपोरेशन के एमडी नितीश कुमार ने सभी डिस्कॉम के प्रबंध निदेशकों को विस्तृत निर्देश जारी कर दिए हैं।

निर्देशों के अनुसार मई माह में उपभोग की गई बिजली का बिल उपभोक्ताओं को 10 जून तक एसएमएस या व्हाट्सएप के माध्यम से भेजा जाएगा। बिल जमा करने के लिए उपभोक्ताओं को 15 दिन का समय मिलेगा। तय अवधि में भुगतान न होने पर अगले सात दिन में बिजली कनेक्शन काटने की कार्रवाई की जाएगी।

वहीं, 30 अप्रैल तक के बकाया बिजली बिल का भुगतान घरेलू उपभोक्ता 10 किस्तों में और अन्य श्रेणी के उपभोक्ता तीन किस्तों में विलंब अधिभार सहित जमा कर सकेंगे।

उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए डिस्कॉमवार व्हाट्सएप नंबर भी जारी किए गए हैं, जिन पर कनेक्शन नंबर भेजकर बिजली बिल प्राप्त किया जा सकता है। पूर्वांचल के लिए 8010968292, मध्यांचल के लिए 7669003409, पश्चिमांचल के लिए 7859804803, दक्षिणांचल के लिए 8010957826 और केस्को कानपुर के लिए 8287835233 नंबर जारी किए गए हैं।

पावर कारपोरेशन ने यह भी निर्देश दिया है कि यदि स्मार्ट मीटर की ऑटोमैटिक रीडिंग उपलब्ध न हो तो मैनुअल रीडिंग के आधार पर अनिवार्य रूप से 10 तारीख तक बिल जारी किया जाए। जिन उपभोक्ताओं के मोबाइल नंबर रजिस्टर्ड नहीं हैं या गलत हैं, उन्हें संबंधित डिस्कॉम के व्हाट्सएप नंबर के माध्यम से अपडेट कराने की जानकारी दी जाएगी।

गौरतलब है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सख्त रुख के बाद ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने 4 मई को प्रदेश में स्मार्ट प्रीपेड मीटर व्यवस्था समाप्त करने की घोषणा की थी। इसके बाद अब पोस्टपेड व्यवस्था लागू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।